Friday, November 3, 2017

आम आदमी पार्टी की राष्ट्रीय बैठक सम्पन्न कई प्रस्ताव पास

आम आदमी पार्टी की 6वीं राष्ट्रीय परिषद की बैठक में हंगामे के बीच कई प्रस्ताव भी पास किए गए. अरविंद केजरीवाल ने परिषद के सभी सदस्यों को बताया कि दिल्ली में पार्टी की सरकार पूरी मजबूती के साथ काम कर रही है और जरूरत पड़ने पर जनता के मुद्दों को लेकर जमीन से लेकर सदन तक केंद्र सरकार से संघर्ष भी करती है.

बैठक में सभी राज्यों के प्रभारियों ने देश के अलग-अलग राज्यों में संगठन निर्माण से जुड़ी जानकारियां राष्ट्रीय परिषद के सामने रखीं. इस दौरान मोदी सरकार को जमकर निशाना बनाते हुए पार्टी नेता आशुतोष ने कई प्रस्ताव भी पास किए.

*राजनीतिक प्रस्ताव*

1. आम आदमी पार्टी वर्तमान में केन्द्र सरकार के द्वारा अघोषित आपातकाल जैसे माहौल की निंदा करती है. तटस्थ तथा निर्भीक पत्रकारों की हत्या, पुलिस द्वारा उठाया जाना, टीवी चैनलों एवं समाचारपत्रों के संपादकों पर दबाव डाल कर खबरों को एक ही पक्ष में दिखाने को विवश करना अभिव्यक्ति की आजादी पर सीधा कुठाराघात है.

2. आने वाले राज्यों के चुनावों के कारण एक रणनीति के तहत देश में बढ़ती हुई सांप्रदायिकता तथा डर के माहौल पर भी आम आदमी पार्टी काफी चिंतित है तथा समाज के सभी वर्गों से आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील करती है.

3. आम आदमी पार्टी चुनाव आयोग से अगले सारे चुनावों को VVPAT मशीनों के साथ 25 प्रतिशत बूथों पर पेपर ट्रेल की अनिवार्य रुप से गणना करने की मांग करती है. यूपी और पंजाब में ईवीएम घोटाले के बाद आम आदमी पार्टी ने आंदोलन किया जिसके बाद ईवीएम के साथ वीवीपैट का इस्तेमाल होगा.

4. आम आदमी पार्टी केन्द्र सरकार के द्वारा दिल्ली के उप राज्यपाल की मदद से दिल्ली की चुनी हुई सरकार को काम करने से रोकने की घोर निंदा करती है.

5. आम आदमी पार्टी एक भ्रष्टाचार मुक्त वैकल्पिक राजनीति में अपनी प्रतिबद्धता पुनः व्यक्त करती है जिसमें समाज के सभी वर्गों को राजनीतिक, आर्थिक तथा सामाजिक न्याय मिल सके.

6. दिल्ली विधानसभा से पास हुआ जनलोकपाल बिल केंद्र द्वारा पास किया जाए और उसे लागू कराया जाए.

7. पूरे देश में दलितों पर हो रहे अत्याचार को रोका जाए.

*आर्थिक प्रस्ताव*

1. आम आदमी पार्टी अर्थव्यवस्था के गिरते विकास दर से चिंतित है. आर्थिक विकास दर आज 5.7% पहुंच गई है और ये लगातार गिरती जा रही है. यह सरकार के जनविरोधी नीतियों के कारण है. देश को नोटबंदी तथा जीएसटी के दुष्प्रभाव झेलने पड़ रहे हैं. बैंकों के ब्याज दर घटा कर बड़े लोन डिफॉल्टरों की मदद की गई तथा छोटे निवेशकों को नुकसान पहुंचाया गया. छोटे खाताधारकों से न्यूनतम बैलेंस ना होने के नाम पर अरबों रूपये उन खातों से सरकार ने निकाल लिए. दूसरी तरफ कॉरपोरेट घरानों के लाखों करोड़ के लोन माफ कर दिए गए.

2. आम आदमी पार्टी नोटबंदी के नाम पर देश से धोखाधड़ी करने के लिए केन्द्र सरकार से सार्वजनिक माफी की मांग करती है. आम आदमी पार्टी जीएसटी की रेट और स्लैब कम करने, छोटे निवेशकों को राहत देने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में नकद अर्थव्यवस्था को पुनः स्थापित करने का प्रस्ताव करती है.

3. बड़े बैंक डिफॉल्टर्स के नाम सार्वजनिक किए जाएं.

4. जीएसटी और नोटबंदी के ऊपर केंद्र सरकार एक श्वेत पत्र लेकर आए और देश की जनता को सच बताए.

*किसानों के लिए प्रस्ताव*

1. 2014 के लोक सभा चुनाव में प्रधानमंत्री मोदी जी ने किसानों के हित के लिए बड़ी-बड़ी बातें की थीं. मोदी ने स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश को लागू करने की बात कही थी. बाद में उनकी सरकार ने कोर्ट में हलफनामा दायर करके यह बताया कि उन सिफारिशों को लागू करना संभव नहीं है. स्थिति यह है कि पिछले तीन सालों में हजारों किसानों ने आत्महत्या की. पूरे देश में किसान सड़कों पर हैं और बजाय उनकी बात सुनने के बीजेपी की सरकार ने मध्य प्रदेश और झारखंड में उन पर गोली चलाई. भारत के अन्नदाता की लाशें पेड़ों से लटकी हैं या  सरकार की गोली से ढ़ेर हो रही हैं. बड़े कॉरपोरेट घरानों के लाखों-करोड़ के लोन माफ हो रहे हैं पर किसानों को लोन माफी के नाम पर एक रुपये का चेक दिया जा रहा है.

2. आम आदमी पार्टी वर्तमान में चल रहे राष्ट्रव्यापी किसान आंदोलन का समर्थन करती है. पार्टी किसानों के लिए लोन मुक्ति, स्वामीनाथन रिपोर्ट को लागू करने तथा न्यूनतम समर्थन मूल्य में उत्पादन की लागत पर 50% लाभ के साथ कीमत निर्धारित करने का प्रस्ताव करती है. साथ ही जिन परिवारों में आत्महत्याएं हुईं उन्हें उचित मुआवजा देने और नौकरियों का प्रावधान हो.

*युवाओं के लिये प्रस्ताव*

1. भारत दुनिया का सबसे युवा देश है लेकिन आज देश का युवा सबसे ज्यादा निराश है. बीजेपी की केंद्र सरकार ने चुनाव के पहले दो करोड़ नौकरियां देने का वादा किया था. परन्तु  सरकार के जनविरोधी नोटबंदी तथा जीएसटी की नीतियों ने 45% नौकरियां कम कर दीं. नब्बे प्रतिशत नौकरियां असंगठित क्षेत्रों में थीं जो नोटबंदी के दौरान तबाह हो गई.

2. आम आदमी पार्टी सरकार ने युवाओं की शिक्षा और रोजगारोन्मुख आर्थिक विकास के लिए समुचित कदम उठाए हैं. आम आदमी पार्टी युवकों को शिक्षा और रोजगार देने के लिए स्किल डेवलपमेंट तथा खेलकूद के लिए विश्वस्तरीय संसाधनों की समुचित व्यवस्था करने का प्रस्ताव करती है.

3. आम आदमी पार्टी देश में उच्च स्तरीय निशुल्क स्कूली शिक्षा और उसके लिए बजट में महत्वपूर्ण बढ़ोत्तरी की मांग करती है. आम आदमी पार्टी युवा उद्यमियों और छात्रों के लिए बगैर किसी सिक्योरिटी के आसान लोन देने का प्रस्ताव करती है. आम आदमी पार्टी नौकरी की बहाली में फैले हुए व्यापमं की तरह के भ्रष्टाचार पर तुरंत रोक लगाने तथा दोषियों को दंडित करने की मांग करती है.

3. देश में कई सरकारी स्कूलों को बंद किया जा रहा है. आम आदमी पार्टी इसका विरोध करती है. सरकारी स्कूलों को बंद करने के बजाए उन्हें बेहतर करने के बारे में प्रयास किया जाए.
🙏 *"आप"का सुनील चौधरी😀🌷 *🙏

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