Sunday, May 26, 2019

भागवत कथा में कृष्ण के विवाह देख भाव विभोर हुए भक्त

रानीगंज तहसील के बसीरपुर में  रामनाथ विश्वकर्मा के यहां चल रही दिव्य श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह यज्ञ में छठे दिन श्री कृष्ण और रुक्मणि का विवाह बड़े ही धूमधाम से मनाया गया। विवाह उत्सव के दौरान प्रस्तुत किए गए भजनों के दौरान श्रद्धालु अपने आप को रोक नहीं पाए और जमकर नाचे। अन्तर्राष्ट्रीय कथा व्यास पूजा साध्वी  ने कहा कि रुक्मणि भगवान की माया के समान थीं, रुक्मणि ने मन ही मन यह निश्चित कर लिया था कि भगवान श्री कृष्ण ही मेरे लिए योग्य पति हैं लेकिन रुक्मिणी का भाई  श्रीकृष्ण से द्वेष रखता था इससे उसने उस विवाह को रोक कर, शिशुपाल को रुक्मिणी का पति बनाने का निश्चय किया, इससे रुक्मिणी को दुःख हुआ। उन्होंने अपने एक विश्वासपात्र को भगवान श्री कृष्ण के पास भेजा साथ ही अपने आने का प्रयोजन बताया। इसके बाद श्री कृष्ण जी विदर्भ जा पहुंचे। उधर रुक्मणी का शिशुपाल के साथ विवाह की तैयारी हो रही थी। परंतु उनकी प्रार्थना का असर हुआ और श्री कृष्ण का विवाह रुक्मणी के साथ हुआ।  इस दौरान ढोल  नगाड़ो के साथ मनमोहक झाॅकी निकाली गयी जिसमे भूपेश विश्वकर्मा राजेश विश्वकर्मा राहुल विश्वकर्मा रामलोचन विश्वकर्मा विजय विनय के साथ भारी संख्या मे महिला पुरूष बच्चे झांकी मे शामिल हुए ।कथा सुनने आए सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भगवान श्री कृष्ण व रुक्मणी जी की झांकी के दर्शन किये कथा में सैकड़ों श्रद्धालुओं की भीड़ रही।

No comments:

Post a Comment