समग्र शिक्षा अभियान के तहत गैर आवासीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित



किशनगढ़@रिपोर्टर चंद्रशेखर शर्मा। समग्र शिक्षा अभियान के तत्वाधान में संचालित मेंटॉर टीचर एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का दो दिवसीय गैरआवासीय प्रशिक्षण बुधवार को राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय आजाद नगर में संपन्न हुआ। प्रशिक्षण के समापन अवसर पर संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी राजेंद्र कुमार शर्मा ने कहा कि प्रत्येक शिशु के जीवन के प्रथम कुछ वर्ष उसके बौद्धिक विकास एवं सीखने की उत्सुकता हेतु अति महत्वपूर्ण होते हैं,इन वर्षों में प्रत्येक शिशु सर्वाधिक सीखता है।उन्होंने उपस्थित संभागीयों को यह भी बताया कि पूर्व प्राथमिक शिक्षा एवं देखरेख अत्यंत महत्वपूर्ण इसलिए है,क्योंकि यह विद्यालय के प्रति उत्सुकता हेतु प्रेरणादाई वातावरण उपलब्ध कराता है। विशेषकर उन बच्चों के लिए जिनके पास आवश्यक संसाधनों की कमी होती है। कार्यक्रम को एसीबीईओ(प्रथम) मोहनलाल ढाका ने भी संबोधित किया और कहा की मेंटॉर टीचर व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से यह अपेक्षा है, कि वे स्वविवेक से विद्यालय एवं आंगनबाड़ी के बीच ऐसा रिश्ता/ समन्वय स्थापित करें, कि समुदाय एवं अभिभावकों को यह एक ही समन्वित संस्थान के रूप में नजर आए।  सीडीपीओ (ग्रामीण ) प्रिया वर्मा ने भी अपने विचार रखते हुए संभागीयों को बताया कि मेंटॉर टीचर और ईसीई प्रभारी एक दूसरे के पर्यायवाची शब्द है, उन्होंने यह भी कहा कि शिक्षा विभाग द्वारा आंगनबाड़ी समन्वयन विद्यालय में बच्चों के शैक्षिक स्तर को अधिक उन्नत बनाने हेतु एक अनोखी पहल है। कार्यक्रम को अतिरिक्त मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (द्वितीय )वंदना वर्मा ने भी संबोधित किया। प्रशिक्षण समापन कार्यक्रम से पूर्व बुधवार को ही समग्र शिक्षा अभियान अजमेर के कार्यक्रम अधिकारी अमित गुप्ता व देवेंद्र कुमार त्यागी द्वारा संयुक्त रूप से दो दिवसीय गैर आवासीय प्रशिक्षण का आकस्मिक निरीक्षण भी किया गया। इस अवसर पर बोलते हुए कार्यक्रम अधिकारी, समसा अजमेर अमित गुप्ता ने कहा कि मेंटॉर टीचर का कार्य निरीक्षण एवं आदेशित करना नहीं है,अपितु आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को ईसीसीई गतिविधियों के सफल संचालन हेतु सहायता, सहयोग एवं सबंलन प्रदान करना है। कार्यक्रम प्रभारी एवं संदर्भ व्यक्ति पवन कुमार शर्मा ने बताया कि दो दिवसीय प्रशिक्षण में दक्ष प्रशिक्षक गंगा प्रसाद भदाला, राधाकिशन मीणा (शिक्षा विभाग), रीना चौधरी, मनजीत सिंह कंवर (आईसीडीएस) द्वारा संभागीयों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया। संदर्भ व्यक्ति चंद्रशेखर शर्मा ने बताया कि प्रशिक्षण के द्वितीय व अंतिम दिवस दक्ष प्रशिक्षकों द्वारा प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा का परिचय एवं महत्व, समेकित बाल विकास की सेवाएं एवं उद्देश्य राजस्थान में प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा की प्रगति, प्रारंभिक बाल्यावस्था पाठ्यक्रम व पाठ्यचर्या का परिचय, प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा सहायक शिक्षण सामग्री ( ई.सी.ई. किट), आकलन प्रपत्र , समन्वयन के अंतर्गत मार्गदर्शन/ सहयोग, सहायक शिक्षण सामग्री का उपयोग एवं समन्वयन से विद्यालय व आंगनबाड़ी केंद्र तथा बच्चों व समुदाय के स्तर पर होने वाले लाभ आदि विषय की गतिविधि आधारित जानकारी प्रदान की गई। शर्मा के अनुसार प्रथम चरण के प्रशिक्षण  में कुल 116 प्रशिक्षणार्थियों ने भाग लिया। इस अवसर पर संदर्भ व्यक्ति प्रेम चंद शर्मा, ओम प्रकाश शर्मा, राजेंद्र कुमार, अशोक यादव एवं शिविर प्रभारी प्रतिनिधि शुभलक्ष्मी महेश्वरी (व्याख्याता), तथा शिविर सहयोगी के रूप में सतीश कुमार शर्मा, आलोक शर्मा, सुरेंद्र चौधरी, सुभाष शर्मा व लक्ष्मी नारायण भास्कर आदि भी उपस्थित थे। द्वितीय चरण का प्रशिक्षण 9 जनवरी से 10 जनवरी के बीच राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय आजाद नगर में ही आयोजित किया जाएगा। जिसमें कुल 120 संभागी आमंत्रित है।