15 साल पुराने मामले में पुलिस ने कड़ी सुरक्षा में कोर्ट में पेश किया उसे कोर्ट के पीछे के दरवाजे से लाया गया


नोएडा। सेक्टर-93बी स्थित ग्रैंड ओमेक्स सोसायटी से सुर्खियों में आए तथाकथित भाजपा नेता श्रीकांत त्यागी की मुसीबतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। सोसायटी में एक महिला से बदसलूकी के आरोप में जेल में बंद त्यागी को अदालत ने अब एक अन्य मामले में आज कोर्ट में पेश करने का आदेश दिया है। यह मामला वर्ष-2007 का है। कोर्ट के आदेश पर जेल में बंद श्रीकांत त्यागी को पुलिस ने कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट में पेश किया। 

श्रीकांत त्यागी के कोर्ट में पेशी के मद्देनजर सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए गए थे। पुलिसकर्मी उसे कोर्ट के पीछे के रास्ते से लेकर पहुंचे। गैंगस्टर केस में 14 दिन की न्यायिक हिरासत पूरी होने के कारण उसे न्यायालय में पेश किया गया। श्रीकांत को फिर से न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। न्यायालय में पेशी के दौरान श्रीकांत त्यागी ने अपनी जान का खतरा बताया है। जेल प्रशासन को पत्र लिखकर अतिरिक्त सुरक्षा की मांग की है। जेल अधीक्षक गौतमबुद्घ नगर अरुण प्रताप सिंह श्रीकांत ने अतिरिक्त सुरक्षा की मांग के लिए पत्र दिया है। पत्र को पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों को भेज दिया गया है। जेल प्रशासन की ओर से श्रीकांत को न्यायालय ले जाते और लाते समय पूरी सतर्कता बरती गई थी।

ग्रैंड ओमेक्स सोसायटी निवासी श्रीकांत त्यागी ने पांच अगस्त को एक महिला के साथ बदसलूकी की थी। सत्ताधारी भाजपा से जुड़े होने के कारण शुरू में पुलिस ने उसकी तरफदारी की, लेकिन स्थानीय सांसद और शासन के दबाव के चलते पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसने अपनी जमानत के लिए 11 और 16 अगस्त को कोर्ट में अर्जी लगाई थी, लेकिन दोनों ही बार अदालत ने उसकी जमानत की अर्जी खारिज कर दी थी। वह अब भी गौतमबुद्ध नगर की लुक्सर जेल में बंद है।

इस बीच, सीजेएम कोर्ट ने वर्ष-2007 के एक पुराने मामले में उसे आज पेश करने का आदेश दिया है। श्रीकांत त्यागी वर्ष-2007 में नोएडा के सेक्टर-39 थाने में दर्ज मामले में कोर्ट में हाजिर नहीं हो रहा था। तब सीजेएम कोर्ट ने उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। अब नए केस में गिरफ्तारी होने व जिला कारागार में निरुद्घ होने संबंधित प्रार्थना पत्र अधिवक्ता के माध्यम से श्रीकांत ने न्यायालय में दिया था। जिससे गैरजमानती वारंट निरस्त किया जा सके। न्यायालय में पेशी के दौरान श्रीकांत त्यागी ने अपनी जान का खतरा बताया है। जेल प्रशासन को पत्र लिखकर अतिरिक्त सुरक्षा की मांग की है।  पुलिस ने श्रीकांत त्यागी को कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट में पेश किया। सुरक्षा के लिहाज से उसे कोर्ट के पीछे के दरवाजे से लाया गया। श्रीकांत त्यागी के कोर्ट में पेशी के मद्देनजर सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए गए हैं।